एहसासों को सहलाती हुई
शक्कर की तरह मीठी
एक कप चाय
जब कोई पूछता है
बड़े प्यार से
तो महज वो
दूध और चायपत्ती
को उबालकर बनी हुई एक कप चाय
नहीं होती
वो एक माध्यम होती है
एहसासों को सहलाने की
क्योंकि चाय के बहाने
साँझा होती है हम सब की
कुछ चीनी सी
मीठी यादें
कुछ चायपत्ती सी कड़वी
बातें.......
अपने कुछ
अनुभव,कुछ आशाएं
कुछ नयी उम्मीदें..?
और कुछ ही समय में
उस एक प्याली
चाय के साथ
बट जाते है
जिंदगी के वो पल
जो अक्सर अनकहे रह जाते है !!
Subscribe to:
Post Comments (Atom)
जेन Z या जेन Y
Gen Z रीलबाज है। ये हर बात पर रील बनाते है। इनके बस का प्रोटेस्ट नहीं है। इन्हें देख के ऐसा लगता है। ये अपने टाइम में रील से सरकार चलाएंगे। ...
-
बचा रखा है सभ्यताएं और संस्कार आज भी उन लड़कियों और महिलाओं ने जो आज के दौर में भी दिख जाती है। 36 इंच की साइकिल के करियर पे बैठ के जाती हुई...
-
इस तूफ़ान से गुज़रते हुए, बदल रही हैं चीजें । सीख जाओगे एक रोज़ तूफ़ानों में भी शांत रहना। कई लकीरें उभर आयेंगी चेहरे पर, और उन लकीरों में क...
-
एक वक्त था। कुछ लोग थे। कुछ शौक था। कुछ सपने थे। कुछ दोस्त थे। सब अपने थे. कुछ कहते हैं। कुछ सुनते थे। लबो पे हंसी थी। गम बहुत कम था। अब न व...
-
बोलोगे तो मारे जाओगे हा में हा नही मिलेगी तो मारे जाओगे उनके रंग में ही रंगना होगा। दूसरा रंग अपनाओगे तो मारे जाओगे हक मांगोगे तो कटघरे में...
-
हम मानते हैं इक पिढी बाद बहुत कुछ बदल जाता है हम जब बड़े हो जाते हैं तो हम अपने मर्जी से जिना चाहते हैं नहीं चाहते कोई रोक टोक करें यहां तक ...
-
भूत की स्मृतियाँ वर्तमान का संघर्ष और बच्चों में भविष्य । पिता की उँगली पकड़ कर चलना सीखते बच्चे एक दिन इतने बड़े हो जाते हैं कि भूल जाते है...
-
अक्सर जीवन कभी इतनी तेज़ गति से गुज़रता है तब वह कुछ अहसास करने का और समझने का समय नहीं देता पर जब कभी-कभी जीवन इस कदर ठहर जाता है त...
-
एक लंबे टाइम के संघर्ष से गुजर जाने के बाद अपनी इच्छाओं को मार के जीने के बाद। एक अवस्था ऐसी आ जाती। की खुशी मिल जाने का भी कोई अर्थ नही रह ...
No comments:
Post a Comment